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प्रदोष व्रत अप्रैल 2027कब है: तिथि और प्रदोष काल समय

4 अप्रैल 2027 · रविवार18 अप्रैल 2027 · रविवार

अप्रैल 2027 में 2 प्रदोष व्रत। दिल्ली, IST; दूसरे शहरों में एक दिन का अंतर हो सकता है।

Pradosh Vrat in 2027-04

रवि प्रदोष व्रत · Ravi Pradosh Vrat

4 अप्रैल 2027 रविवार

Chaitra Krishna Trayodashi. Shiva–Parvati puja at dusk.

मास (पूर्णिमांत)
चैत्र कृष्ण पक्ष
कृष्ण त्रयोदशी प्रारंभ
4 अप्रैल, 4:27 पूर्वाह्न
कृष्ण त्रयोदशी समाप्त
5 अप्रैल, 5:23 पूर्वाह्न
प्रदोष काल
6:40 अपराह्न – 9:04 अपराह्न

रवि प्रदोष व्रत · Ravi Pradosh Vrat

18 अप्रैल 2027 रविवार

Chaitra Shukla Trayodashi. Shiva–Parvati puja at dusk.

मास (पूर्णिमांत)
चैत्र शुक्ल पक्ष
शुक्ल त्रयोदशी प्रारंभ
18 अप्रैल, 7:42 पूर्वाह्न
शुक्ल त्रयोदशी समाप्त
19 अप्रैल, 6:09 पूर्वाह्न
प्रदोष काल
6:48 अपराह्न – 9:12 अपराह्न

व्रत विधि

  • दिन भर व्रत रखें, फलाहार कर सकते हैं।
  • सूर्यास्त के बाद प्रदोष काल में शिवलिंग पर जल, दूध, बेलपत्र चढ़ाएं और ‘ॐ नमः शिवाय’ का जाप करें।
  • प्रदोष व्रत कथा पढ़ें और पूजा के बाद व्रत खोलें।

नियम: जिस दिन प्रदोष काल (सूर्यास्त के बाद लगभग 1.5 घंटे) में त्रयोदशी हो, उसी दिन व्रत रखा जाता है।

सवाल-जवाब

प्रदोष व्रत अप्रैल 2027 कब है?

रवि प्रदोष व्रत: 4 अप्रैल 2027 (रविवार); रवि प्रदोष व्रत: 18 अप्रैल 2027 (रविवार)।

प्रदोष काल कब होता है?

सूर्यास्त से लगभग 1 घंटा 30 मिनट तक का समय प्रदोष काल है। हम दिल्ली के सूर्यास्त के अनुसार समय दिखाते हैं।

शनि प्रदोष का क्या महत्व है?

शनिवार को पड़ने वाला प्रदोष शनि प्रदोष कहलाता है; संतान सुख और शनि दोष शांति के लिए इसे विशेष माना जाता है।